By: The Trek News Desk
देश के सबसे प्रतिष्ठित और महंगे रिहायशी इलाकों में शामिल दिल्ली के लुटियंस ज़ोन में एक बड़ा रियल एस्टेट सौदा चर्चा का विषय बन गया है. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, उद्योगपति सुभाष चंद्रा ने अपना आलीशान बंगला लगभग 1,260 करोड़ रुपये में बेच दिया है. इसे हाल के वर्षों के सबसे बड़े और महंगे संपत्ति सौदों में से एक माना जा रहा है.
जानकारी के मुताबिक, इस संपत्ति को वर्ष 2015 में करीब 304 करोड़ रुपये में खरीदा गया था. लगभग एक दशक बाद इसकी बिक्री 1,260 करोड़ रुपये में होने से इसकी कीमत में चार गुना से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई है.
रियल एस्टेट विशेषज्ञों का मानना है कि राष्ट्रीय राजधानी के प्रीमियम इलाकों में सीमित भूमि उपलब्धता और बढ़ती मांग के कारण ऐसी संपत्तियों की कीमतों में लगातार इज़ाफा हो रहा है.
करीब तीन एकड़ में फैली यह संपत्ति भगवन दास रोड पर स्थित बताई जा रही है, जो कनॉट पैलेस और इंडिया गेट जैसे प्रमुख स्थलों के नज़दीक है.
रिपोर्ट्स के अनुसार, इस बंगले को दिल्ली के एक प्रमुख कारोबारी परिवार ने खरीदा है. हालांकि खरीदार की पहचान अभी सार्वजनिक नहीं की गई है.
सूत्रों के अनुसार, इस हाई-प्रोफाइल संपत्ति सौदे की औपचारिक प्रक्रिया दिसंबर के पहले हफ्ते तक पूरी होने की संभावना है. रियल एस्टेट जगत इस लेन-देन को दिल्ली के लग्ज़री प्रॉपर्टी बाज़ार के लिए एक महत्वपूर्ण संकेतक के रूप में देख रहा है.

लुटियंस बंगलो ज़ोन देश के सबसे प्रतिष्ठित आवासीय क्षेत्रों में गिना जाता है. यहां वरिष्ठ सरकारी अधिकारी, न्यायपालिका से जुड़े गणमान्य व्यक्ति, राजनयिक और चुनिंदा उद्योगपति निवास करते हैं.
करीब 3,000 बंगलों वाले इस इलाके में निर्माण और विकास को लेकर सख्त नियम लागू हैं, जिसके कारण यहां नई संपत्तियों की उपलब्धता बेहद सीमित रहती है. यही वजह है कि इस क्षेत्र की संपत्तियां हमेशा ऊंचे मूल्य पर बिकती हैं.
कोविड-19 महामारी के बाद से दिल्ली और एनसीआर के लग्ज़री रियल एस्टेट बाज़ार में उल्लेखनीय तेज़ी देखने को मिली है. विशेष रूप से गुरुग्राम की गोल्फ कोर्स रोड और प्रीमियम आवासीय परियोजनाओं में कई रिकॉर्ड स्तर के सौदे हुए हैं.
विशेषज्ञों का कहना है कि उच्च आय वर्ग के खरीदारों के बीच प्रीमियम और अल्ट्रा-लग्ज़री संपत्तियों की मांग लगातार बढ़ रही है, जिसके चलते देश के प्रमुख महानगरों में रियल एस्टेट निवेश नई ऊंचाइयों पर पहुंच रहा है.
Source: News Agencies
