By: The Trek News Desk
पश्चिमी इराक़ में अमेरिकी सेना का एक KC-135 एयर-रिफ्यूलिंग विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया है. अमेरिकी सैन्य अधिकारियों ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि हादसे के बाद बचाव और राहत अभियान शुरू कर दिया गया है.
अमेरिकी सेंट्रल कमांड के अनुसार, इस घटना में दो विमान शामिल थे. दुर्घटनाग्रस्त विमान के साथ उड़ान भर रहा दूसरा विमान सुरक्षित तरीके से लैंड करने में सफल रहा. शुरुआती जानकारी के मुताबिक यह हादसा न तो किसी दुश्मन हमले की वजह से हुआ है और न ही किसी मित्र सेना की गोलीबारी से जुड़ा है. फिलहाल दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है.
KC-135 टैंकर विमान अमेरिकी वायुसेना के लिए बेहद अहम माना जाता है. बोइंग द्वारा 1950 और 1960 के दशक में तैयार किया गया यह विमान लंबे समय से अमेरिकी सेना के एयर-रिफ्यूलिंग बेड़े की रीढ़ रहा है. इसकी मदद से लड़ाकू और अन्य सैन्य विमान हवा में ही ईंधन भरकर लंबी दूरी तक मिशन पूरा कर सकते हैं, जिससे उन्हें बीच में उतरने की ज़रूरत नहीं पड़ती.
इसी बीच पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव का असर वैश्विक ऊर्जा बाज़ार पर भी दिखाई दे रहा है. अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में ब्रेंट क्रूड की कीमतों में करीब 9 प्रतिशत की तेज़ी दर्ज की गई और यह 100 डॉलर प्रति बैरल के स्तर को पार कर गई.
रिपोर्ट्स के मुताबिक क्षेत्र में तनाव बढ़ने के कारण इराक़ के कई तेल टर्मिनलों पर संचालन रोक दिया गया है. इसके अलावा संयुक्त अरब अमीरात, बहरीन और कुवैत जैसे देशों पर ड्रोन और मिसाइल हमलों की घटनाओं ने भी चिंता बढ़ा दी है.
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि क्षेत्र में अस्थिरता जारी रहती है, तो इसका असर वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और तेल की कीमतों पर और गहरा हो सकता है. फिलहाल दुनिया भर के बाज़ार पश्चिम एशिया की स्थिति पर नज़र बनाए हुए हैं.
Source: News Agencies
