By: The Trek News Desk
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में वायु गुणवत्ता लगातार बिगड़ने के बाद अब हालात ‘गंभीर’ श्रेणी में पहुंच गए हैं. इसी को देखते हुए वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने सोमवार देर रात से ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) के तीसरे चरण (Stage-III) को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया है.
CAQM ने मंगलवार सुबह जारी बयान में कहा, “10 नवंबर को दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 362 था, जो 11 नवंबर की सुबह 9 बजे तक बढ़कर 425 हो गया. शांत हवाएं, स्थिर वातावरण और प्रतिकूल मौसम परिस्थितियां इसके मुख्य कारण हैं.”
आयोग ने कहा कि मौजूदा प्रदूषण स्तर को देखते हुए स्थिति और खराब न हो, इसके लिए NCR में GRAP के Stage-III (‘Severe’ Air Quality, AQI 401–450) की सभी कार्रवाइयां लागू की जा रही हैं.
निर्माण और ध्वस्तीकरण गतिविधियों पर सख्त रोक
Stage-III के तहत सबसे पहले धूल फैलाने वाले निर्माण और ध्वस्तीकरण कार्यों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है. इसमें शामिल हैं:
- सभी ध्वस्तीकरण कार्य (demolition works)
- खुदाई, सीवर लाइन, पानी की लाइन, ड्रेनेज, बिजली केबल बिछाने से जुड़े कार्य
- ईंट-गारे का काम, वेल्डिंग, गैस-कटिंग, पेंटिंग, सीमेंट कोटिंग
- टाइल्स काटने/लगाने, वॉटरप्रूफिंग, और सड़क निर्माण या बड़े मरम्मत कार्य
- धूल फैलाने वाले पदार्थों का लोडिंग/अनलोडिंग
- कच्ची सड़कों पर निर्माण सामग्री ढोने वाले वाहनों की आवाजाही
- ध्वस्तीकरण से उत्पन्न मलबे का परिवहन
वाहनों पर लगे कई स्तर के प्रतिबंध
- दिल्ली, गुरुग्राम, फरीदाबाद, गाज़ियाबाद और गौतमबुद्ध नगर में अब BS-III पेट्रोल और BS-IV डीज़ल चलित चार पहिया वाहन (LMVs) सड़कों पर नहीं चल सकेंगे.
- दिल्ली में BS-III या इससे नीचे मानक वाले डीज़ल चालित मीडियम गुड्स व्हीकल्स (MGVs) पर रोक.
- दिल्ली के बाहर पंजीकृत BS-III या इससे नीचे मानक वाले डीज़ल लाइट कमर्शियल व्हीकल्स (LCVs) को भी दिल्ली में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी.
- केवल EVs, CNG या BS-VI डीज़ल बसें (या ऑल इंडिया टूरिस्ट परमिट वाले वाहन) ही NCR राज्यों से दिल्ली में प्रवेश कर सकेंगी.

स्कूलों और सार्वजनिक परिवहन पर भी असर
राज्यों को सलाह दी गई है कि वे कक्षा 5 तक के बच्चों के लिए ऑनलाइन पढ़ाई की व्यवस्था पर विचार करें ताकि छोटे बच्चों को प्रदूषण से बचाया जा सके.
साथ ही, सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने के लिए किराए में अंतर (differential rates) लागू करने और सड़क की यांत्रिक सफाई (mechanised sweeping) को तेज करने के निर्देश दिए गए हैं.
खनन और पत्थर क्रशर यूनिट्स पर रोक
दिल्ली-एनसीआर के सभी इलाकों में अब पत्थर क्रशर और खनन से जुड़ी सभी गतिविधियां पूरी तरह से बंद रहेंगी.
राजधानी में बढ़ा प्रदूषण का खतरा
विशेषज्ञों का कहना है कि नवंबर के शुरुआती दिनों में हवा की गति धीमी रहने, खेतों में पराली जलाने और तापमान में गिरावट के चलते दिल्ली में प्रदूषण तेजी से बढ़ा है.
सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे अनावश्यक यात्रा से बचें, निजी वाहन का उपयोग कम करें और मास्क का प्रयोग करें.
GRAP-III की घोषणा के साथ ही राजधानी में निर्माण, वाहनों और औद्योगिक गतिविधियों पर कई सख्त कदम लागू हो गए हैं. अधिकारी उम्मीद कर रहे हैं कि इन कदमों से प्रदूषण स्तर में कमी आएगी, हालांकि मौसम की अनुकूलता इसमें अहम भूमिका निभाएगी.
Source: News Agencies
