2027 तक रूसी गैस आयात पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के लिए समझौते पर EU की मुहर

By: The Trek News Desk

यूरोपीय संघ ने 2027 तक रूसी गैस और LNG (तरलीकृत प्राकृतिक गैस) के आयात पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के लिए एक ऐतिहासिक समझौता किया है. यह कदम यूक्रेन युद्ध को वित्तीय रूप से कमज़ोर करने और रूस पर ऊर्जा निर्भरता खत्म करने की दिशा में EU का सबसे बड़ा निर्णय माना जा रहा है. हालांकि, हंगरी और स्लोवाकिया ने संकेत दिया है कि वे इस कानून को अदालत में चुनौती दे सकते हैं.

प्रतिबंध की समयसीमा: 2026 के अंत से शुरू होकर 2027 तक पूर्ण रोक

EU को-लेजिस्लेटर्स के बीच बनी सहमति के अनुसार:

  • रूसी LNG पर 25 अप्रैल 2026 से रोक
  • रूसी पाइपलाइन गैस पर 17 जून 2026 से प्रतिबंध (शॉर्ट-टर्म कॉन्ट्रैक्ट्स पर लागू)
  • दीर्घकालिक LNG अनुबंध 1 जनवरी 2027 तक मान्य
  • दीर्घकालिक पाइपलाइन अनुबंधों पर अंतिम रोक 30 सितंबर 2027 से, जिसे गैस भंडारण स्तर कम होने पर 1 नवंबर 2027 तक टाला जा सकता है

EU का लक्ष्य है कि 2027 के अंत तक रूस से कोई भी गैस या LNG EU सीमा में प्रवेश न करे.

यूक्रेन युद्ध के बाद तेज़ी से घटाई गई निर्भरता

फरवरी 2022 में यूक्रेन पर रूसी हमला होने के बाद से EU ने ऊर्जा स्रोतों में तेजी से विविधता लाई.
EU डेटा दर्शाता है कि:

  • 2021 में 45% गैस आयात रूस से था,
  • 2025 की पहली छमाही में यह घटकर 13% रह गया.

इसके बावजूद, 2025 में रूस से गैस आयात का कुल मूल्य €10 अरब रहा. बेल्जियम, फ्रांस और स्पेन अभी भी ट्रांसशिपमेंट के जरिए रूसी LNG प्राप्त कर रहे थे.

सदस्य देशों की बहस: सुरक्षा बनाम सामूहिक प्रतिबंध

अधिकतर EU देशों ने रूसी ऊर्जा पर प्रतिबंध का समर्थन किया, लेकिन भू-आबद्ध देशों (जिनकी समुद्री सीमा नहीं है) ने आशंका जताई कि वैकल्पिक स्रोत महंगे होंगे और आपूर्ति अस्थिर हो सकती है.

यूरोपीय संसद शुरू में किसी भी प्रकार के अपवाद के खिलाफ थी, लेकिन बाद में समझौते के लिए रियायत देनी पड़ी.

डेनमार्क के जलवायु और ऊर्जा मंत्री लार्स आगार्ड ने कहा, “यह समझौता दिखाता है कि हम ऊर्जा सुरक्षा को मज़बूत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं.”

हालांकि हंगरी के विदेश मंत्री पीटर सिज्ज़ार्तो ने कानून को “ब्रसेल्स का थोपे गए फरमान” और “धोखा” बताया, और कहा कि हंगरी एवं स्लोवाकिया संयुक्त रूप से कदम उठा सकते हैं.

आपातकालीन क्लॉज़: गैस भंडारण 90% से कम हुआ तो मिलेगी छूट

भू-आबद्ध देशों की चिंताओं को देखते हुए EU ने एक सस्पेंशन क्लॉज़ जोड़ी है.
इसके तहत:

  • किसी सदस्य देश के 1 नवंबर तक गैस स्टोरेज 90% से कम होने पर
  • वह गैस आपूर्ति आपातकाल घोषित कर सकता है
  • ऐसी स्थिति में EU आयोग प्रतिबंध को अस्थायी रूप से रोक सकता है

EU अधिकारियों का कहना है कि 2022 की ऊर्जा संकट जैसी स्थिति में भी किसी देश ने आपातकाल घोषित नहीं किया था, इसलिए प्रतिबंध लागू करने में कोई बड़ी बाधा नहीं होगी.

TurkStream पर भी प्रतिबंध, लेकिन शर्तों के साथ

नए कानून के तहत TurkStream पाइपलाइन के माध्यम से रूस या बेलारूस से आने वाली गैस प्रतिबंधित होगी.
हालांकि, यदि कंपनियां साबित कर दें कि गैस केवल रूस/बेलारूस से ट्रांज़िट होकर आई है और उत्पादन किसी अन्य देश में हुआ है, तो उसे अनुमति दी जाएगी.

EU का ऐलान: रूस पर ऊर्जा निर्भरता का अंत

यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने कहा, “यह यूरोप की रूसी ऊर्जा पर निर्भरता के अंत की घोषणा है. हम इन आयातों को हमेशा के लिए बंद कर रहे हैं और यूक्रेन के साथ खड़े हैं.”

ऊर्जा आयुक्त डैन योर्गेनसन ने भी चेतावनी दी, “हम कभी भी फिर से रूस पर निर्भर नहीं होंगे, न ऊर्जा ब्लैकमेल, न बाज़ार में हेरफेर.”

यूरोपीय संसद के प्रमुख वार्ताकार थॉमस पेलरिन-कार्लिन ने कहा कि यह कानून रूसी गैस शॉक जैसी स्थिति दोबारा आने से रोकेगा.

अगले कदम

EU ऊर्जा मंत्री 15 दिसंबर को इस कानून पर मतदान करेंगे. इसके बाद यूरोपीय संसद में उसी हफ्ते अंतिम मतदान होगा.

Source: News Agencies

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