ब्रिटेन के शीर्ष सरकारी अधिकारी मैंडेलसन विवाद में उससे जुड़े निजी संदेश सौंपने को तैयार

By: The Trek News Desk

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री सर कीयर स्टारमर की सरकार के कई वरिष्ठ नेता लॉर्ड मैंडेलसन से जुड़े निजी इलेक्ट्रॉनिक संदेशों को सौंपने की तैयारी कर रहे हैं. यह कदम अमेरिका में राजदूत के रूप में मैंडेलसन की नियुक्ति से जुड़े सबूतों के सार्वजनिक होने से पहले उठाया जा रहा है.

इस मामले ने तूल तब पकड़ा जब प्रधानमंत्री स्टारमर को जेफरी एप्स्टीन के पीड़ितों से सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी पड़ी. उन्होंने स्वीकार किया कि उन्होंने लॉर्ड मैंडेलसन के बयानों पर भरोसा किया, जबकि एप्स्टीन से उनकी दोस्ती पहले से सार्वजनिक जानकारी में थी.

हालांकि प्रधानमंत्री ने विवाद को शांत करने की कोशिश की, लेकिन उनकी ही पार्टी के कुछ सांसद अब उनसे पद छोड़ने की मांग कर रहे हैं. इस बीच, प्रधानमंत्री कार्यालय के पूर्व संचार निदेशक जेम्स लायंस ने चेतावनी दी है कि निजी संदेशों के सामने आने से और भी बड़े नाम इस विवाद में फंस सकते हैं.

रिपोर्टस के अनुसार, लायंस ने कहा कि यह मामला अभी शुरुआती दौर में है और दस्तावेज़ों के खुलासे के बाद स्थिति और गंभीर हो सकती है. उन्होंने इसकी तुलना 2009 के खर्च घोटाले से करते हुए इसे हाल के वर्षों का सबसे बड़ा राजनीतिक संकट बताया.

प्रधानमंत्री स्टारमर ने कहा है कि जारी की जाने वाली फाइलें यह साबित करेंगी कि मैंडेलसन ने अपने और एप्स्टीन के रिश्तों की सच्चाई छिपाई थी. जिन दस्तावेज़ों को सरकार सार्वजनिक करने के लिए उपयुक्त नहीं मानेगी, उन्हें संसद की इंटेलिजेंस एंड सिक्योरिटी कमेटी को सौंपा जाएगा.

समिति ने स्पष्ट किया है कि वह सभी संबंधित दस्तावेज़ों की मांग करेगी, जिनमें लेबर पार्टी की चुनावी जीत के बाद से हुए निजी संदेश भी शामिल हो सकते हैं. इन दस्तावेज़ों को जल्द ही संसद में पेश किए जाने की संभावना है.

प्रधानमंत्री ने कहा कि यह पहले से ज्ञात था कि मैंडेलसन एप्स्टीन को जानते थे, लेकिन उनके रिश्ते की “गहराई और अंधेरे पहलू” किसी को नहीं पता थे. उन्होंने पीड़ितों से माफी मांगते हुए कहा कि सत्ता में बैठे कई लोग उन्हें बचाने में नाकाम रहे.

कंज़र्वेटिव पार्टी की नेता केमी बेडेनॉक ने प्रधानमंत्री की स्थिति को “अस्थिर” बताया, जबकि लिबरल डेमोक्रेट्स ने संसद में विश्वास मत की मांग की है.

लेबर पार्टी के भीतर भी असंतोष साफ नज़र आ रहा है. कुछ सांसदों का मानना है कि यह संकट प्रधानमंत्री के नेतृत्व के लिए घातक साबित हो सकता है, जबकि अन्य का कहना है कि गुस्सा मुख्य रूप से मैंडेलसन के खिलाफ है.

दिसंबर 2024 में जब लॉर्ड मैंडेलसन को अमेरिका में राजदूत नियुक्त किया गया था, तब यह सार्वजनिक रूप से ज्ञात था कि वह एप्स्टीन से संपर्क में रहे थे, यहां तक कि उसकी सज़ा के बाद भी. बाद में सामने आए ईमेल्स में संकेत मिले कि उन्होंने 2009 में एप्स्टीन के न्यूयॉर्क स्थित घर में ठहराव किया था.

प्रधानमंत्री के अनुसार, नियुक्ति से पहले मैंडेलसन से सीधे सवाल पूछे गए थे, जिनके जवाब अब झूठे साबित हो रहे हैं. नए दस्तावेज़ों में यह भी सामने आया है कि एप्स्टीन ने मैंडेलसन और उनकी साथी को हज़ारों पाउंड का भुगतान किया था.

पुलिस सार्वजनिक पद के दुरुपयोग के आरोपों की जांच कर रही है, खासकर उन ईमेल्स को लेकर जिनमें कथित तौर पर मैंडेलसन ने वित्तीय संकट के दौरान संवेदनशील जानकारी एप्स्टीन को भेजी थी.

हालांकि पीटर मैंडेलसन ने अब तक कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी है, लेकिन उनके करीबी सूत्रों का कहना है कि उनका दावा है कि उन्होंने कोई गैरकानूनी काम नहीं किया और न ही उनका उद्देश्य किसी तरह का आर्थिक फायदा लेना था.

Source: News Agencies

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *